समन्वय छात्र पत्रिका-2012 पृ-24

ज्ञानकोश से
यहां जाएं: भ्रमण, खोज


प्रायश्चित (हिंदी नाटक)

विष्णु खडसे
Vishnu Khadse1.jpg

नाटक के पात्र-

  1. नाथूराम – गांधी जी का हत्यारा।
  2. हीरालाल – गांधी जी का पुत्र।
  3. बापू – महात्मा गांधी।
  4. मीनाक्षी – हीरालाल की सहयोगी।


प्रथम – दृश्य

(मीनाक्षी सर्वप्रथम सामने आकर गाती है)

रघुपति राघव राजा राम,
पतित पावन सीता राम,
ईश्वर अल्लाह तेरे नाम,
सबको सम्मति दे भगवान।

(मीनाक्षी चली जाती है) (नाथूराम प्रवेश करता है)

नाथूराम : (दु:खों के आवेश में हाथ ऊपर करके) बापू... बापू... यह मैंने क्या कर दिया? कागज के दो-चार टुकड़ों के लिए मैंने सीधे एक महात्मा की हत्या कर दी। ईश्वर मुझे कभी माफ नहीं करेगा। मैं खूनी हूँ... मैं एक खूनी हूँ। (हीरालाल का आगमन होता है।)

हीरालाल : (नाथूराम के सामने आकर) हाँ, तुम खूनी हो, खूनी नहीं अपराधी, अपराधी नहीं महा अपराधी।

नाथूराम : हीरालाल पर यह सब मैंने भावनाओं के आवेग में किया। शिव ने भी क्रोध की भावना में श्री गणेश का सिर विच्छेद कर दिया था।

हीरालाल – भावना.... हा हा हा..... भावना, अपना अपराध छुपाकर तुम राम नहीं बन जाओगे, रावण हो तुम रावण। रावण नहीं रावण को भी धोखा देने वाले विभीषण हो, विभीषण।

नाथूराम : नहीं, नहीं हीरालाल नहीं।

हीरालाल : हाँ, मैं शैतान हूँ, हैवान हूँ, किंतु कोई भी व्यक्ति जन्मत: अपराधी नहीं होता, परिवेश और समय उसे वैसा बनाते हैं।

हीरालाल : तूने... तून गोडसे परिवार की प्रतिष्ठा मिट्टी में मिला दी है।

(हीरालाल नाथूराम का शर्ट मुट्ठी में भीचकर उसे मारने का प्रयास करता है, तभी मीनाक्षी वहाँ आकर हीरालाल को रोक लेती है।)

मीनाक्षी : यह क्या हीरालाल? ऐसे पापी अपराधी को मारकर तुम अपने हाथ क्यों अपवित्र कर रहे हो। इसने जैसा कर्म किया, वैसा फल इसे अवश्य मिलेगा। तुम अहिंसावादी महापुरुष के पुत्र हो। इस पर हिंसा क्यों कर रहे हो। ईश्वर ही इसे दंडित करेगा।

हीरालाल : (अट्टाहस लगाकर) हा... हा... हा..., ईश्वर तुम्हें कदापि क्षमा नहीं करेगा।

(हीरालाल और मीनाक्षी चले जाते हैं। नाथूराम खिन्न मुद्रा में गरदन नीचे झुकाए खड़ा रहता है।)

द्वितीय दृश्य

(नाथूराम दोनों हाथ ऊपर उठाए खड़ा है।)

नाथूराम : (याचना करते हुए) हे प्रभु... हे ईश्वर, वाल्मीकि इतनी हत्याएँ करने के पश्चात भी प्रायश्चित पाकर महान बन गया। गीता में लिखा है कि हर किसी को प्रायश्चित करने का अवसर है, तो फिर मुझे क्यों नहीं। हे प्रभु..., हे ईश्वर..., मुझे केवल एक बार... केवल एक बार बापूजी के दर्शन करा दो।

नाथूराम : (हाथ जोड़कर)

रघुपति राघव राजा राम,
पतित पावन सीता राम,
ईश्वर अल्लाह तेरे नाम,
सबको सम्मति दे भगवान।

(बापू सामने आते हैं।)

बापू : उठो नाथूराम उठो। धन्य हो तुम। भीष्म की तरह अर्जुन के हाथों से मृत्यु आने की मेरी इच्छा पूर्ण की है तुमने, धन्य हो तुम।

नाथूराम : मैंने तुम्हें उसी समय क्षमा कर दिया था, जिस समय मेरे मुख से 'हे राम' निकला था। तुमने मेरी अहिंसा समाप्त करने का प्रयास किया। मैं समाप्त हो गया, किंतु मेरी अहिंसा नष्ट नहीं हुई और आगे भी नष्ट नहीं होगी।

नाथूराम : (रोते हुए) बस बापूजी बस और मुझे लज्जित मत कीजिए।

बापू : नाथू, ईश्वर दयालु है, वह सबको क्षमा करता है। तुम भी एक दिन नाथूराम से 'राम' बन जाओगे।

(बापूजी अदृश्य हो जाते हैं/चले जाते हैं।)

नाथूराम : बापू... बापू... कहाँ चले गए बापू?

(हीरालाल और मीनाक्षी नाथूराम के पास आकर गाने लगते हैं)

रघुपति राघव राजा राम,
पतित पावन सीता राम,
ईश्वर अल्लाह तेरे नाम,
सबको सम्मति दे भगवान।

(पर्दा गिरता है।)

निष्णात


पीछे जाएँ
23
24
25
आगे जाएँ


समन्वय छात्र पत्रिका 2012 अनुक्रम
लेख का नाम लेखक पृष्ठ संख्या
संत कबीर की भक्ति भावना में श्री जगन्नाथ मदन मोहन दाश (पारंगत) 1
गजल ज्ञान प्रकाश पाण्डेय (पारंगत) 2:1
विरोधाभास तिलक राज शर्मा (पारंगत) 2:2
हिंदी की बिंदी क्षत्रिय भूपेन्द्र कुमार डी (निष्णात) 2:3
हिंदी की जय हो भबानि शंकर नाएक (प्रवीण) 2:4
स्वामी विवेकानन्द का शैक्षिक चिंतन धनंजय लहामगे (निष्णात) 3
गम ही सच्चा साथी भोसले उद्धव (निष्णात) 4:1
जिंदगी क्या है? तिरम सुनानी (पारंगत) 4:2
"हाय! ये दोस्ती क्या रंग लाती है" ध्रुति सुन्दर साहु (प्रवीण) 4:3
विद्या सबसे बड़ी शोभा अक्षय बल्लभ दाश (पारंगत) 5:1
ओड़िशा का सबसे बड़ा मेला "बालियात्रा" नब किशोर बेहेरा (पारंगत) 5:2
मत आओ मत आओ! श्रीमती सागरिका महाराणा (प्रवीण) 6:1
माँ रंजीत एम. मेश्राम (प्रवीण) 6:2
तेरी कमी धनजंय (निष्णात) 7:1
संस्थान की आरती अजित कुमार पंडा (प्रवीण) 7:2
चाँद बीबी एक पराक्रमी योद्धा मनोज शिंदे (निष्णात) 8
प्रार्थना (सन्तजनों के चरणों में) सुतारी राजेन्द्र रेड्डी (प्रवीण) 10:1
स्मृति मु. मुहिबुल्लाह (निष्णात) 10:2
वृक्ष की मानव से अपील नव किशोर बेहेरा (पारंगत) 11:1
सिर्फ पापा अभय अंजन दे (प्रवीण) 11:2
हमारा संस्थान प्रबीर कुमार पट्टायत (प्रवीण) 12:1
कभी नहीं भूलूँगा मैं हिंदी संस्थान को देबराज पधान (पारंगत) 12:2
चिंता विरेन्द्र कुमार नाग (पारंगत) 13:1
वजूद विष्णु खडसे (निष्णात) 13:2
तुम मुहम्मद गफूर यु. केरल (प्रवीण) 13:3
अपनी कक्षा पारंगत प्रमोद कुमार यादव (पारंगत) 14
हिंदी ही काम आई है प्रमोद कुमार यादव (पारगंत) 15:1
शर्म खाऊँ तो क्यों? तोफान पधान (पारंगत) 15:2
फतेहपुर सीकरी के दर्शन तोफान पधान (पारंगत) 16
नमस्ते गंगा सीताकांत पट्टनायक (पारंगत) 17
हे ताजमहल ! मिथुन दास (प्रवीण) 19
कौआ और पाँकपाँक चानवेनी किकोन (तृतीय वर्ष) 20:1
नेताजी-नेताजी, आप ये क्या कर रहे हो? भुरिया विनुभाई (निष्णात) 20:2
बेटा हो या बेटी संसारी नायक (पारंगत) 20:3
हाथी से बना हस्ती संसारी नायक (पारंगत) 21:1
बेटी शेख सगीर (प्रवीण) 21:2
कब मैं पराई हो गई? एस. तुलसी (पारंगत) 22
हे ईश्वर इतनी शक्ति दो! सुदाम पटेल (पारंगत) 23
प्रायश्चित (हिंदी नाटक) विष्णु खडसे (निष्णात) 24
प्रेम परीक्षा (हिंदी नाटक) विष्णु खडसे (निष्णात) 25
जो भी हो... लिलिश्री भोई (पारंगत) 26
मुस्कान लिलिश्री भोई (पारंगत) 26
उगादि एस. राजशेखर (निष्णात) 27:1
स्वयं करो पी. शिवशंकर पात्र (पारंगत) 27:2
संघर्ष विरेन्द्र कुमार नाग (पारंगत) 28:1
बदनाम एस. फाल्गुनी देवी (निष्णात) 28:2
भ्रष्टाचार तीर्थ बघार (पारंगत) 28:3
छोड़ दे। अर्चना सिंह (निष्णात) 28:4
अरलाउ न्यानो लोथा (तृतीय वर्ष) 29:1
चूजे भी शाहीनों से लड़ जाते हैं मोहम्मद तिर्जा जहिरूद्दीन (पारंगत) 29:2
परीक्षा भबानि शंकर नाएक 29:3
संस्थान में नुआँखाई का वह दिन कान्हा त्रिपाठी 30
"एक खत यार को" नीतिश कुमार पति 31
नूआँखाई पर्व तीर्थ बघार 32:1
तेरे आँसू शेख हारून 32:2
आतंकवाद जितेन्द्र पधान 32:3
कुछ कर दिखलाते हैं अर्चना सिंह 33:1
कैसा प्यार? बबन सिंह 33:2
मेरा जिला "नर्मदा जिला" वसावा रविन्द्र कुमार शांतिलाल 34
और कर भी क्या सकती हो तुम ! पंचानन मेहेर 36:1
भगवान की प्रतिज्ञा शेख हारून 36:2
"शहरीकरण का मानव पर प्रभाव" प्रमोद कुमार यादव 37
भ्रष्टाचार वृद्धि के कारण एवं समाधान सुश्री रश्मिता पाणिग्रही 38
राजभाषा हिंदी की संवैधानिक स्थिति जवीर सिंह, असिस्टेंट प्रोफेसर, (सीनियर स्केल) 39
केंद्रीय हिंदी आगरा 43
साहित्य सभा का गठन 45
शिक्षणाभ्यास कार्यक्रम वर्ष : 2011-2012 45
भारत स्काउट एवं गाइड प्रशिक्षण शिविर 46
विषय- साहित्यिक प्रतियोगिताएँ 50
विभागीय सांस्कृतिक प्रतियोगिताएँ 51
विजेताओं की सूची 51
खेलकूद प्रतियोगिता सत्र – 2011-12 53
विभागीय सांस्कृतिक प्रतियोगिताएँ 54
आंतरिक परीक्षा 55
अध्यापक शिक्षा विभाग के संकाय सदस्य 55
अध्यापक शिक्षा विभाग में अध्ययनरत छात्र-छात्राओं की सूची 55
श्रद्धांजलि 57
केंद्रीय हिंदी शिक्षण मंडल की शासी परिषद के सदस्यों की सूची 58
वैयक्तिक औज़ार

संस्करण
क्रियाएं
सुस्वागतम्
सहायता